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Home Remedies for Migraine in hindi : माइग्रेन की समस्या भी काफी आम हो गई है, माइग्रेन की परेशानी में पीड़ित के सिर में दर्द होता है| माईग्रेन की समस्या से पीड़ित इंसान के सिर में बार बार दर्द की परेशानी होती है, माइग्रेन का दर्द सिर के आधे हिस्से को प्रभावित करता है। आज के समय में काफी सारे इंसान माइग्रेन की समस्या से पीड़ित है माइग्रेन से पीड़ित इंसान इंटरनेट पर माइग्रेन का घरेलू इलाज, माईग्रेन का घरेलू उपाय, माइग्रेन का घरेलू उपचार, माइग्रेन ट्रीटमेंट इन हिंदी, माइग्रेन का आयुर्वेदिक इलाज पतंजलि, माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा, माइग्रेन के घरेलू उपाय इन हिंदी (Home Remedies for Migraine in hindi), माइग्रेन का होम्योपैथिक इलाज, माइग्रेन के घरेलू उपाय, माइग्रेन का घरेलू उपचार इत्यादि लिखकर सर्च करता है| अधिकतर इंसानो ने माइग्रेन का नाम तो सुना होता है लेकिन उन्हें माइग्रेन के बारे में अधिक जानकारी नहीं होती है, अधिकतर इंसान माइग्रेन की समस्या होने पर एलोपेथिक दवा का सेवन करते है लेकिन अगर आप चाहे तो माइग्रेन का इलाज घरेलू नुस्खों से भी कर सकते है| माइग्रेन के घरेलू उपाय जानने से पहले माइग्रेन होने के कारणों के बारे में भी जानकारी होना बहुत जरुरी होता है क्योंकि अगर आपको किसी भी बिमारी होने के करने के बारे मे सही जानकारी होती है तो उस बिमारी का इलाज करने में आसानी हो जाती है| माइग्रेन के घरेलू उपाय जानने से पहले हम आपको माइग्रेन कया है? या माइग्रेन कया होता है? की जानकारी उपलब्ध करा रहे है –

Table of Contents

माइग्रेन क्या होता है? (What is Migraine in hindi ?)

माइग्रेन का नाम सभी ने सुना ही है लेकिन काफी सारे इंसान ऐसे भी है जिन्हे यह नहीं पता होता है की माइग्रेन कया होता है? चलिए हम आपकी इस परेशानी का समाधान करते है दरसल माइग्रेन सिर दर्द का एक प्रकार है| माइग्रेन से पीड़ित इंसान के सिर में रुक रुक कर दर्द की शिकायत होती है कई बार माइग्रेन से पीड़ित इंसान के सिर में बहुत तीव्र दर्द होता है| आयुर्वेद के अनुसार किसी भी बिमारी के होने की वजह वात,  पित्त और कफ दोषों में बदलाव होता है। कुछ इंसान माइग्रेन (migraine meaning in hindi) को अधकपारी या अर्द्धशीशी के नाम से भी पुकारते है ऐसे इंसान इंटरनेट पर अधकपारी होने के कारण, अधकपारी का इलाज, अधकपारी के घऱेलू उपचार, अधकपारी की घऱेलू दवा, अधकपारी का घऱेलू उपाय, अधकपारी का रामबाण इलाज इत्यादि लिखकर सर्च करते है|

माइग्रेन के प्रकार, माइग्रेन कितने प्रकार का होता है? (Migraine Types in Hindi)

अधिकतर इंसानो को माइग्रेन का तो पता होता है लेकिन उन्हें माइग्रेन के प्रकार में जानकारी नहीं होती है| दरसल माइग्रेन दो प्रकार का होता है माइग्रेन का पहला प्रकार है क्लासिक माइग्रेन (classical migraine in hindi) और दूसरा प्रकार है नॉन क्लासिक माइग्रेन (non classical migraine in hindi) | पहले प्रकार के माइग्रेन के काफी सारे लक्षण होते है जैसे माइग्रेन के दर्द की शुरुआत होने से पहले धुंधला दिखाई देने लगता है, कुछ मामलो में कंधे में जकड़न, दर्द और जलन की परेशानी हो सकती है इत्यादि| क्लासिक माइग्रेन की परेशानी में इंसान के सिर में मौजूद रक्तवाहिनियां सिकुड़ जाती है, इसीलिए इस प्रकार के माइग्रेन से पीड़ित इंसान को बिना देरी किए डॉक्टर से परामर्श और इलाज कराना चाहिए| दूसरे प्रकार के माइग्रेन अर्थात नॉन क्लासिक माइग्रेन के लक्षण दिखाई नहीं देते है बस सिर में तेज दर्द की परेशानी होती है, इस प्रकार के माइग्रेन में होने वाले तेज सिर दर्द से छुटकारा सिर दर्द की दवा से मिल जाता है|

माइग्रेन के  लक्षण (Symptoms of Migraine in hindi)

सिर दर्द होना बहुत ही आम बात है, आजकल की तनावपूर्ण और भागदौड़ भरी जिंदगी में अधिकतर महिला या पुरुष सिर दर्द की समस्या का सामना करते है| ऐसे में यह कैसे पहचाने की सिर दर्द साधारण है या माइग्रेन का दर्द है, माइग्रेन की पहचान करने के लिए आज हम आपको कुछ लक्षण बताने जा रहे है, अधिकतर इंसान इंटरनेट पर माइग्रेन के लक्षण कया है? माइग्रेन के लक्षण कौन कौन से है? माइग्रेन के लक्षण के बारे में बताएं? माइग्रेन के लक्षण की जानकारी दें इत्यादि लिखकर सर्च करता है| चलिए अब हम आपको माइग्रेन के लक्षण के बारे में जानकारी उपलब्ध करा रहे है –

  • अगर किसी भी इंसान के सिर में दर्द के साथ साथ रुक-रुककर चमकीली रोशनी या टेढ़ी-मेढ़ी रेखाएं दिखाई दे रही है या आँखों के सामने काले काले धब्बे की समस्या भी हो रही है तो इंसान माइग्रेन की समस्या से पीड़ित हो सकता है|
  • माइग्रेन के लक्षण में शामिल है सिर में एक तरफ तेज चुभन वाला दर्द होना|
  • सिर में एक तरफ दर्द होने के साथ साथ चिड़चिड़ापन होना|
  • सिर दर्द के साथ साथ गैस्टिक की समस्या होना भी माइग्रेन के लक्षण में शामिल है|
  • सिर और आँखों में दर्द होना भी माइग्रेन के लक्षणों में शामिल है|
  • माइग्रेन से पीड़ित इंसान को तेज आवाज और तेज रौशनी से परेशानी होती है|

माइग्रेन होने के कारण या माइग्रेन क्यों होता है? (Causes of Migraine in hindi)

बहुत सारे इंसानो के मन में यह सवाल होता है की आखिर माइग्रेन क्यों होता है ? या माइग्रेन होने के कारण कया है? चलिए आज हम आपकी इस परेशानी का समाधान करने की कोशिश करते है| दरसल माईग्रेन की परेशानी से पीड़ित इंसान के सिर के एक हिस्से में तेज दर्द की शिकायत होती है, सिर दर्द इतना तीव्र होता है की कई बार इंसान दर्द से चिल्लाने लगता है और इंसान को ऐसा महसूस होता है जैसे मरीज के सिर पर हथौड़े मारे जा रहे है|

माइग्रेन का दर्द अधिकतर सिर के किसी एक हिस्से में होता है लेकिन कई बार दर्द पूरे सिर में भी हो जाता है| माइग्रेन की वजह से होने वाला सिर दर्द कुछ घंटों से लेकर दो या तीन दिनों तक रह सकता है| माइग्रेन की समस्या से पीड़ित इंसान के सिर में मौजूद नसों में सूजन भी आ जाती है| आयुर्वेदिक डॉक्टरों की माने तो माइग्रेन में होने वाले सिर दर्द होने के कारण दिमाग या चेहरे की रक्त वाहिनियों में हुई गड़बड़ी की वजह से, गलत और असंतुलित खान पान की वजह से, वातावरण में बदलाव की वजह, मानसिक तनाव इत्यादि हो सकते है| चलिए अब हम आपको माइग्रेन होने के कुछ कारणों के बारे में जानकारी उपलब्ध कराते है –

  • आज की जिंदगी में शायद ही कोई इंसान हो जिसे तनाव ना हो, प्रत्येक इंसान किसी ना किसी प्रकार के तनाव का सामना कर रहा है| कोई भी महिला या पुरुष लंबे समय तक तनाव की स्थिती में रहता है तो तनाव का असर उसके शरीर और दिमाग पर सबसे ज्यादा होता है| शुरुआत में इंसान के शरीर में कमजोरी और सिर दर्द की समस्या हो सकती है अगर इंसान तनाव से जल्द बाहर नहीं आता है तो हाई ब्लडप्रेशर, मधुमेह और माइग्रेन इत्यादि परेशानियो का सामना करना पड़ सकता है|
  • जब किसी भी महिला या पुरुष के शरीर में मौजूद हार्मोन्स में प्राकृतिक बदलाव या हार्मोन असंतुलित की वजह से कई सारी परेशानियो का सामना करना पड़ सकता है| हार्मोन्स में बदलाव या असंतुलन की स्थिति महिलाओ में ज्यादा देखने को मिलती है, जब किसी भी महिला के शरीर में मौजूद एस्ट्रोजेन हार्मोन का स्तर में कम हो जाता है तो महिला को सिर दर्द की समस्या हो सकता है| मासिक धर्म के समय या मासिक धर्म से पहले महिलाओ को सिर दर्द की समस्या हो सकती है, हार्मोन्स को संतुलित ना किया जाए तो माइग्रेन की समस्या भी हो सकती है|
  • बीयर, रेड वाइन और कैफीनयुक्त पदार्थो का सेवन अधिक मात्रा में करने से भी माइग्रेन की समस्या हो सकती है, इसीलिए ऐसे चीजों का सेवन करने से बचना चाहिए|
  • माइग्रेन होने का कारण प्राकृतिक वातावरण भी हो सकता है, अधिक देर या लंबे समय तक तेज धूप में रहना, धूप की वजह से आँखों का चुंधियाना, तेज आवाज से सिर दर्द होना, तीव्र महक वाले परफ्यूम के सम्पर्क में आने से दर्द होना, बदबू जैसे पेंट, थिनर या धुएं की वजह से तेज दर्द की परेशानी होना।
  • ऐसे इंसान जो रात को देर रात जागते है या ठीक से सो नहीं पाते है तो इसका असर इंसान के दिमाग पर पड़ता है| धीरे धीरे सिर में भारीपन या सिर दर्द की समस्या होने लगती है फिर माइग्रेन की समस्या (migraine in hindi) भी हो सकती है|
  • ऐसे महिला या पुरुष जो अत्यधिक परिश्रम या मेहनत का काम करते है तो अत्यधिक मेहनत की वजह से होने वाली शारीरिक थकावट भी माइग्रेन का कारण (migraine meaning in hindi) बन सकती है।
  • माइग्रेन होने का कारण मौसम में बदलाव भी हो सकता है अर्थात बहुत ज्यादा गर्मी या बहुत ज्यादा सर्दी के मौसम का असर हमारे सिर पर भी पड़ता है, जिसकी वजह से माइग्रेन की समस्या (migraine meaning in hindi) उत्पन्न हो सकती है।

माइग्रेन से बचने के लिए टिप्स (Prevention Tips for Migraine in hindi)

माइग्रेन के घरेलू उपाय या उपचार जानने से पहले हम आपको कुछ ऐसे टिप्स बताने जा रहे है जिन्हे अपनाने से आप अपने आपको माइग्रेन की समस्या से बचा सकते है| चलिए अब हम आपको कुछ टिप्स बता रहे है जिससे आप माइग्रेन के खतरे को कम कर सकते है-

  • आज के समय में काफी ज्यादा घरो या ऑफिस में एयरकंडिशनर लगा होता है तो इसीलिए एयरकंडिशनर से तुरंत निकलकर गर्मी में जाने से बचें| धूप या तेज गर्मी से आने के बाद तुरंत बहुत ज्यादा ठण्डा पानी नहीं पीना चाहिए|
  • गर्मियों के मौसम में तेज धूप के सम्पर्क में आने से बचना चाहिए अगर बाहर जाना जरुरी है तो बाहर निकलते समय छाते का उपयोग करें छाते से आप अपने आपको तेज धूप या सूरज की किरणों से अपने आपको बचा सकते है|
  • मौसम कोई सा भी हो इंसान को पानी जरूर पीना चाहिए, शरीर में पानी की कमी होने पर डिहाइड्रेशन और अन्य परेशानियो का सामना करना पड़ सकता है| माइग्रेन होने का एक कारण डिहाइड्रेशन भी होता है इसीलिए पानी भरपूर पीना चाहिए|
  • गर्मियों के मौसम में ऐसी चीजों का सेवन करने से बचना चाहिए जो शरीर में गर्माहट पैदा करती है जैसे – चाय, कॉफी इत्यादि।
  • अधिक तीखा और ज्यादा मिर्ची खाने से बचना चाहिए क्योंकि यह सब माइग्रेन की समस्या को बड़ा सकते है|
  • अगर आप ब्लड प्रेशर की समस्या से पीड़ित है तो ब्लड प्रेशर को संतुलित रखना चाहिए|
  • आज के समय में काफी सारी महिलाऐं गर्भनिरोधक गोलियों का सेवन करती है लेकिन हम आपको सलाह देंगे की गर्भनिरोधक दवा का सेवन करने से बचना चाहिए| अगर गर्भनिरोधक दवा का सेवन करना है तो डॉक्टर से परामर्श जरूर लें|
  • नियमित रूप से सुबह टहलने जरूर जाना चाहिए और 5 से 10 मिनट नंगे पांव घास पर जरूर चलना चाहिए| नंगे पांव घास पर चलने से तनाव मुक्त होने के साथ साथ शरीर में मौजूद हार्मोंस भी संतुलित रहते है|
  • नियमित रूप से लगभग 30 मिनट तक योगासन या प्राणायाम करने से लाभ प्राप्त होता है| बालासन, उत्तानासन, सेतुबंध सर्वांगासन और हलासन शरीर के लिए फायदेमंद होते है।
  • अगर आप माइग्रेन की समस्या से पीड़ित है या अपने आप को माइग्रेन की समस्या से बचाना चाहते है तो तरल पदार्थो जैसे निम्बू पानी, सूप, लस्सी, छाछ और नारियल पानी इत्यादि का सेवन जरूर करना चाहिए|
  • ताजे फल और ताज़ी हरी सब्जियों का सेवन करना चाहिए।
  • नमक का सेवन सिमित मात्रा में करना चाहिए, अधिक मात्रा में नमक का सेवन शरीर के लिए नुकसानदायक होने के साथ साथ माइग्रेन की समस्या को भी बड़ा सकता है|
  • शराब, धूम्रपान या अन्य नशीले पदार्थो का सेवन करने से बचना चाहिए|

माइग्रेन के लिए घरेलू उपाय इन हिंदी, माइग्रेन का आयुर्वेदिक इलाज (Home Remedies for Migraine in hindi)

माइग्रेन से पीड़ित इंसान अपनी परेशानी से छुटकारा पाने के लिए माइग्रेन के घरेलू उपाय और नुस्खे अपनाना पसंद करते है| चलिए अब हम आपको कुछ ऐसे घरेलू नुस्खे बताने जा रहे है जिन्हे अपनाकर आप आसानी से माइग्रेन की समस्या से छुटकारा (migraine treatment in hindi) प्राप्त कर सकते है –

माइग्रेन के दर्द से तुरंत आराम दिलाने का घरेलू इलाज है दालचीनी (migraine treatment in hindi)

दालचीनी का उपयोग लगभग सभी घरो में मसाले के रूप में किया जाता है लेकिन कया आप जानते है की दालचीनी माइग्रेन का इलाज करने में सहायक होती है| दालचीनी में मौजूद औषधीय गुण माइग्रेन के दर्द से छुटकारा दिलाने में सहायक होते है| सबसे पहले थोड़े से दालचीनी के टुकड़े लेकर पानी के साथ महीन पीस कर पेस्ट बना लें| फिर इस पेस्ट को माथे पर अच्छी तरह से लगा कर लगभग 20 से 30 मिनट के लिए पेस्ट लगा रहने दें जल्द ही माइग्रेन के दर्द से आराम (migraine treatment in hindi) प्राप्त होता है|

माइग्रेन का घरेलू उपचार है अदरक (Ginger : Home Remedies for Migraine in Hindi)

कुछ मामलो में माइग्रेन से पीड़ित इंसान को सिर दर्द के साथ साथ जी मचलाने या उल्टी की समस्या भी हो जाती है ऐसे में अदरक आपके लिए लाभकारी साबित हो सकता है| अदरक में मौजूद औषधीय गुण सिर दर्द से आराम दिलाने के साथ सूजन को कम करने में मददगार साबित होते है| सबसे पहले एक कप पानी को गर्म होने के लिए रख दें, फिर अदरक का छोटा टुकड़ा लेकर उसे छीलकर उसके टुकड़े टुकड़े करके पानी में डाल दें, जब पानी अच्छी तरह से उबल जाएं तो गैस बंद कर दें| पानी ठंडा होने पर एक कप में छान लें, फिर पानी में थोड़ा सा शहद और नींबू की कुछ बूंदे डालकर अच्छी तरह से मिलाकर पीने से दर्द में काफी आराम (migraine treatment in hindi) मिलता है।

माइग्रेन का घरेलू उपचार है धनिया माइग्रेन (Coriander : Home Remedies for Migraine in Hindi)

शायद ही कोई घर हो जिसमे धनिया का इस्तेमाल ना होता हो, धनिया खाने का स्वाद बढ़ाने के साथ साथ हमारे शरीर के लिए भी लाभकारी होता है| लेकिन कया आप जानते है की प्राचीन समय में धनिए का उपयोग माइग्रेन की दवा के रूप में भी किया जाता था, दरसल धनिए में मौजूद औषधीय गुण सर दर्द और माइग्रेन की समस्या को समाप्त करने में मददगार साबित हो सकते है| माइग्रेन की परेशानी से छुटकारा पाने के लिए धनिये के बीजों से तैयार चाय का सेवन करें, इससे आपको जल्द लाभ प्राप्त होगा| धनिए को आप माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा या माइग्रेन के घरेलू उपाय (migraine treatment in hindi) के रूप में भी जान सकते है|

माइग्रेन का घरेलू इलाज के दर्द से आराम दिलाने में सहायक है लौंग (Home Remedies for Migraine in hindi)

अगर आप माइग्रेन की समस्या से पीड़ित है और आप माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा या माइग्रेन के घरेलू उपाय सर्च कर रहे है तो लौंग आपके लिए बेहतर विकल्प साबित हो सकती है| लौंग में मौजूद औषधीय गुण माइग्रेन में होने वाले दर्द से निजात दिलाने में सहायक होते है| थोड़ी सी लौंग लेकर उन्हें महीन पीसकर महीन चूर्ण बना लें, फिर इस चूर्ण में से थोड़ा सा चूर्ण हल्के गर्म दूध के साथ पीने से जल्द आराम (Home Remedies for Migraine) मिलता है|

अधकपारी का घरेलू इलाज है लहसुन (Garlic : Home Remedies for Migraine in hindi)

लहसुन का उपयोग लगभग सभी घरो में किया जाता है लहसुन खाने का स्वाद बढ़ाने के साथ साथ खाने को पचने में भी मददगार साबित होता है| लेकिन कया आप जानते है की लहसुन को माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा या माइग्रेन के घरेलू उपाय भी माना जाता है लहसुन में मौजूद औषधीय और दर्द निवारक गुण माइग्रेन के दर्द को समाप्त करने में सहायक होते है| सबसे पहले लहसुन की चार से पांच कलियाँ लेकर उन्हें छील लें, फिर महीन पीसकर छान लें, छने हुए रस का सेवन करने से माइग्रेन के दर्द से तुरंत आराम (migraine treatment in hindi) मिलता है|

अधकपारी या माइग्रेन का घरेलू इलाज है कॉफी (Coffee : Home Remedies for Migraine in Hindi)

अगर आप माइग्रेन के तेज दर्द का सामना कर रहे है तो ऐसे में कॉफी आपके लिए लाभकारी साबित हो सकती है क्योंकि कॉफी में मौजूद कैफीन माइग्रेन के तेज दर्द को कम करने में मददगार साबित होता है| लेकिन एक बात का ख्याल रखें की कैफीनयुक्त पदार्थो का सेवन अधिक मात्रा में करने से हमारे शरीर को काफी नुक्सान पहुंचता है| दिन में एक कप कॉफी का सेवन आपके लिए लाभकारी साबित होता है, अधिक मात्रा में कॉफी का सेवन करने से बचना   चाहिए| कुछ इंसान कॉफी को माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा या माइग्रेन के घरेलू उपाय इन हिंदी (migraine treatment in hindi) भी कहते है|

अधकपारी या माइग्रेन का रामबाण इलाज है तेल मालिश (Head Massage to Get Relief from Migraine in Hindi)

यह बात तो हम सभी जानते है की अगर आप किसी भी प्रकार के मानसिक तनाव का सामना कर रहे है तो ऐसे समय पर अगर तेल से सर की मालिश की जाती है तो आपको काफी आराम प्राप्त है| उसी प्रकार के माइग्रेन के दर्द को कम करने के लिए भी आप मालिश का सहारा ले सकते है, हल्के हाथो से सिर और खासकर सिर के पीछे के हिस्से की मालिश करने से बहुत जल्द माइग्रेन के दर्द में आराम प्राप्त होता है| सिर के साथ साथ हाथ पैरों की मालिश करने से शरीर में ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है, मालिश को आप माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा या माइग्रेन के घरेलू उपाय इन हिंदी भी कह सकते है|

माइग्रेन का घरेलू इलाज है आइस पैक (Benefit of Ice pack to Get Relief from Migraine in Hindi)

जब कोई इंसान माइग्रेन की समस्या से पीड़ित होता है तो पीड़ित इंसान के सिर में मौजूद मांसपेशियों में सूजन आ जाती है, मांसपेशियो की सूजन को कम करने में बर्फ या आइस पैक मददगार साबित हो सकता है| सबसे पहले एक साफ टॉवल लेकर उसमे आइस के कुछ टुकड़े रख कर पोटली सी बना लें, फिर इससे सिर, माथे और गर्दन के पीछे धीरे धीरे लगभग 10 से 15 मिनट तक सिकाई कर लें| आइस पैक की सिकाई करने से जल्द ही मांसपेशियो की सूजन कम होने लगती है, कुछ इंसान आइस को माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा या माइग्रेन के घरेलू उपाय इन हिंदी (migraine treatment in hindi) के रूप में भी जानते है|

माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा है पिपरमिंट (Benefit of Peppermint to Get Relief from Migraine in Hindi)

पिपरमिंट की तासीर ठंडी होती है और यह ठंडक प्रदान करने में सहायक होती है, पिपरमिंट में मौजूद औषधीय गुण सूजन को कम करने के साथ साथ मन को शांत और स्थिरता प्रदान करने में सहायक होते है| अगर आप माइग्रेन से पीड़ित है और आप माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा या माइग्रेन के घरेलू उपाय इन हिंदी ढूंढ रहे है तो पिपरमिंट आपके लिए बेहतरीन विकल्प साबित हो सकता है| माइग्रेन की समस्या से छुटकारा पाने के लिए सबसे पहले आधा गिलास पानी लेकर उसमे पिपरमिंट ऑयल की कुछ बूंदे और लगभग एक चम्मच शहद दाल कर अच्छी तरह से मिलाकर पी लें या पिपरमिंट की चाय भी लाभकारी होती है या आप थोड़ा सा पिपरमिंट ऑयल लेकर माथे पर लगा लें और पिपरमिंट ऑयल से हल्के हाथो से सिर की मालिश करें| तीनो घरेलू नुस्खों में से कोई भी एक उपाय आप अपना सकते है जल्द ही माइग्रेन की समस्या में लाभ मिलता है|

माइग्रेन के दर्द का घरेलू इलाज है सेब का सिरका (Benefit of Apple Cider Vinegar to Get Relief from Migraine in Hindi)

सेब का सिरका भी माइग्रेन की परेशानी को दूर करने में मददगार साबित होता है, सेब के सिरके में मौजूद औषधीय गुण और पोषक तत्व माइग्रेन की समस्या को कम करने में सहायक होते है| सबसे पहले एक गिलास पानी लेकर उसमे एक छोटा चम्मच सेब का सिरका और एक चम्मच शहद डालकर अच्छी तरह से मिलाकर पी लें, इस घरेलू उपाय को नियमित रूप से करने से कुछ ही दिनों में आपको लाभ मिलता है| सेब के सिरके के इस उपाय को करने से माइग्रेन से राहत मिलने के साथ साथ शरीर को साफ करने में मदद मिलती है, शुगर और ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने में सहायक, वजन कम करने और जोड़ों के दर्द में भी आराम दिलाने में सहायक होता है। सेब के सिरके को आप माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा या माइग्रेन के घरेलू उपाय इन हिंदी भी कह सकते है|

अधकपारी या माइग्रेन की दवा है लैवेंडर का तेल (Lavender Oil : Home Remedies for Migraine in Hindi)

लैवेंडर तेल सामान्य सिरदर्द और माइग्रेन के दर्द दोनों के लिए काफी लाभकारी साबित होता है, लेवेंडर ऑयल की महक से सिर दर्द और माइग्रेन के दर्द से आराम मिलता है| एक कप गर्म पानी में लैवेंडर तेल की कुछ बूंद डालकर सूंघने से माइग्रेन के दर्द से जल्द लाभ प्राप्त होता है| कुछ इंसान लेवेंडर तेल को माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा या माइग्रेन के घरेलू उपाय इन हिंदी भी कहते है|

माइग्रेन का घरेलू उपचार है तुलसी का तेल (Home Remedies for Migraine in Hindi)

शायद ही कोई इंसान हो जिसे तुलसी के प्राकृतिक गुणों या लाभ के बारे में पता ना हो, लेकिन कया आप जानते है की तुलसी को माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा या माइग्रेन के घरेलू उपाय इन हिंदी के रूप में भी जानते है| तुलसी में मौजूद औषधीय गुण माइग्रेन की समस्या को कम करने में मददगार साबित होते है, माइग्रेन (Migraine in hindi)  के दर्द से छुटकारा पाने के लिए थोड़ा सा तुलसी का तेल लेकर माथे पर लगा लें और तुलसी के तेल से सिर की मालिश करने से जल्द लाभ मिलता है|

माइग्रेन का आयुर्वेदिक इलाज पतंजलि

आज के समय में अधिकतर इंसान अपनी बिमारी का इलाज पतंजलि में सबसे पहले सर्च करता है| क्योंकि बाबा रामदेव की कम्पनी पतंजलि के द्वारा निर्मित दवा काफी ज्यादा असरदायक होती है और इनके दुष्प्रभाव जल्दी से देखने को नहीं मिलते है| माइग्रेन से पीड़ित इंसान माइग्रेन का इलाज पतंजलि, माइग्रेन की दवा इन पतंजलि, माइग्रेन का आयुर्वेदिक इलाज पतंजलि, माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा पतंजलि इत्यादि लिखकर सर्च करता है| पतंजलि में माइग्रेन के लिए कोई खास दवा का निर्माण नहीं किया है लेकिन पतंजलि एक्सपर्ट से आप अपनी परेशानी की जानकारी देने के बाद उचित दवा प्राप्त कर सकते है| पतंजलि द्वारा निर्मित सिर दर्द की दवा माइग्रेन की समस्या में आराम दिलाने में सहायक होती है, हम आपको सलाह देंगे की माइग्रेन की समस्या से छुटकारा पाने के लिए कभी भी अपनी मर्जी से दवा का सेवन ना करें|

माइग्रेन के लिए योग

आज के समय में अधिकतर इंसान अपनी बिमारी को दूर करने के लिए योग को काफी अहमियत देते है| माइग्रेन से पीड़ित इंसान इंटरनेट पर माइग्रेन को दूर करने के लिए योग कौन से है? माइग्रेन के दर्द से छुटकारा पाने के लिए योग, बाबा रामदेव के उपाय माइग्रेन के लिए, बाबा रामदेव टिप्स फॉर माइग्रेन इत्यादि सर्च करता है| यह बात सच है की अगर आप नियमित रूप से और सही तरीके से योग को अपनाते है तो आपको आपकी परेशानी से जल्द आराम मिलता है| माइग्रेन के लिए योग जैसे अनुलोम-विलोम, हलासन, पद्मासान,  शिशुासन इत्यादि काफी लाभकारी माने जाते है योग एक्सपर्ट के निर्देश पर योग करने से जल्द माइग्रेन (Migraine in hindi ) की समस्या में लाभ प्राप्त होता है|

माइग्रेन के लिए एक्यूप्रेशर

काफी सारे इंसान अपनी बिमारी को दूर करने के लिए एक्यूप्रेशर का सहारा लेते है, आज के समय में माइग्रेन के लिए एक्यूप्रेशर का सहारा भी काफी सारे इंसान लेते है| एक्यूप्रेशर में एक्सपर्ट बिमारी के अनुसार शरीर के विशिष्ट भागों पर दबाव डालते है, दरसल हमारे शरीर के अंदर की मांसपेशियां एक दूसरे से जुडी होती है| एक्यूप्रेशर एक्सपर्ट बिमारी के हिसाब से किसी खास नस के एक बिंदु पर हल्का दबाव देते है यह दबाव मांसपेशियो को उत्तेजित करके दर्द को कम करने में सहायक होता है| माइग्रेन (Migraine in hindi ) के दर्द को कम करने के बाएं हाथ के अंगूठे और सूचक उंगली के आधार के बीच की जगह पर खास बिंदु पर दबाव दिया जाता है, लेकिन एक बात का खास ख्याल रखें कभी भी अपनी मर्जी से इलाज ना करें हमेशा एक्सपर्ट के द्वारा ही इलाज कराएं|

माइग्रेन में कया खाना चाहिए

जब कोई इंसान माइग्रेन की समस्या से पीड़ित होता है तो उसे यह समझ नहीं आता है की उससे किन चीजों का सेवन करना चाहिए| चलिए अब हम आपको बताते है की माइग्रेन में आपको किन चीजों का सेवन करना चाहिए-

  • माइग्रेन (migraine meaning in hindi) से पीड़ित महिला या पुरुष को ताज़ी सब्जियों का सेवन करना चाहिए|
  • माइग्रेन की समस्या से पीड़ित इंसान के लिए ताजे फल का सेवन करना भी लाभकारी साबित होता है|
  • दिन में एक या दो कप कॉफी पीना लाभकारी होता है|
  • मछलियो में मौजूद ओमेगा-3 माइग्रेन की समस्या को दूर करने में सहायक होता है, इसीलिए माइग्रेन (migraine meaning in hindi) के मरीज को मछली का सेवन करना चाहिए|

माइग्रेन में कया नहीं खाना चाहिए और माइग्रेन में परहेज

माइग्रेन से पीड़ित इंसान अगर खाने पीने में परहेज नहीं करता है तो मरीज को काफी ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ सकता है| चलिए अब हम आपको बताते है की माइग्रेन में कया नहीं खाना चाहिए या किन चीजों से परहेज करना चाहिए –

  • ऐसे पदार्थो का सेवन अधिक मात्रा में नहीं करना चाहिए जिनमे कैफीन मौजूद होती है जैसे कॉफी और चाय इत्यादि|
  • मधुमेह से पीड़ित इंसान शुगर फ्री चीजों का सेवन करते है लेकिन अगर आप माइग्रेन (migraine meaning in hindi) की समस्या से पीड़ित है तो आपको शुगर फ्री चीजों का सेवन करने से बचना चाहिए|
  • बियर, शराब और अन्य मादक पदार्थो का सेवन करने से परहेज करना चाहिए|
  • कई दिन पहले बना हुए पनीर का सेवन नहीं करना चाहिए, हमेशा ताजे पनीर का सेवन करना चाहिए|
  • अगर आप माइग्रेन की समस्या से ग्रसित है तो अधिक नमक वाले खाद्य पदार्थ और खाने में अधिक नमक का सेवन करने से बचें|
  • माइग्रेन से पीड़ित इंसान को नॉन वेज खाने से बचना चाहिए क्योंकि नॉन वेज में मौजूद कुछ तत्व माइग्रेन के दर्द को बढ़ा सकते है|
  • पीड़ित को खट्टी चीजें जैसे दही, नींबू, संतरा और किवी इत्यादि चीजों का सेवन भी कम करना चाहिए, खट्टी चीजों में मौजूद तत्व माइग्रेन का दर्द (Migraine in hindi)  बढ़ा सकते है|

हम आशा करते है की आपको हमारा लेख माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा या माइग्रेन के घरेलू उपाय इन हिंदी (Home Remedies for Migraine in hindi ) में दी गई जानकारी पसंद आई होगी लेकिन अगर हमारे द्वारा दी गई जानकारी से संतुष्ट नहीं है और आप माइग्रेन के बारे में और अधिक जानकारी प्राप्त करना चाहते है तो आप गूगल या बिंग पर माइग्रेन की आयुर्वेदिक दवा या माइग्रेन के घरेलू उपाय इन हिंदी (Home Remedies for Migraine in hindi ) लिखकर सर्च कर सकते है|

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